ओवरवेट होने की वजह से कोहली ने सरफराज को निकाला था टीम से बाहर, अब हो रही सर डॉन ब्रैडमैन से तुलना…

उत्तर प्रदेश के रहने वाले और मुंबई की ओर से घरेलू क्रिकेट खेलने वाले सरफराज खान ने अब तक इंटरनेशनल क्रिकेट नहीं खेला है। इसके बावजूद वे भारतीय क्रिकेट के स्टार बन गए हैं।

यह धाकड़ बल्लेबाज अपनी ताबड़तोड़ बल्लेबाजी के दम पर इस मुकाम पर पहुंच गया है कि उसकी तुलना सर डॉन ब्रैडमैन से होने लगी है। फर्स्ट क्लास क्रिकेट में सरफराज ने अब तक 80 के ऊपर की औसत से रन बनाए हैं।

इस फॉर्मेट में कम से कम 2 हजार रन बनाने वाले बल्लेबाजों में उनसे बेहतर औसत सिर्फ ब्रैडमैन का है। पिछले रणजी सीजन में सरफराज ने 122 की औसत से 982 रन बनाए और टूर्नामेंट के टॉप स्कोरर रहे।

ये वही सरफराज हैं जिन्हें 5 साल पहले विराट कोहली ने IPL की टीम रॉयल चैलैंजर्स बेंगलुरु से बाहर निकाल दिया था। सरफराज ओवरवेट हैं और कोहली को लगता था कि ऐसी फिटनेस के साथ ऊंचे स्तर पर क्रिकेट नहीं खेली जा सकती। आज सरफराज इंडिया में एंट्री के काफी करीब हैं। मुमकिन है कि आने वाले महीनों में उन्हें भारतीय जर्सी मिल भी जाए।

भास्कर ने सरफराज खान से विराट कोहली के उस फैसले, मुंबई के खिलाड़ियों का उनके साथ व्यवहार और देश के सांप्रदायिक हालात पर खास बातचीत की है।

सवाल- 5 साल पहले विराट कोहली ने आपको ओवरवेट होने और खराब फिटनेस के कारण RCB से बाहर कर दिया था। इसके बाद आपने वापसी के लिए क्या किया?

जवाब- वो बात तो 5 साल पुरानी हो गई। उसके बाद मैंने अपनी फिटनेस में बहुत जान लगाई। आज मैं रन बना रहा हूं। मुझे और कोई जवाब नहीं देना।

सवाल- आप UP से हैं और मुंबई के लिए खेल रहे हैं, ऐसे में मुंबई के स्थानीय खिलाड़ियों का व्यवहार आपके साथ कैसा रहता है?

जवाब- सब अच्छे से हैं। कोई दिक्कत नहीं है। सब मेरे साथ खुश हैं। वो कहते हैं कि तुम जल्दी टीम इंडिया के लिए खेलोगे।

सवाल- देश में सांप्रदायिक हालात को लेकर आपका क्या कहना है, क्रिकेट पर भी इसका असर पड़ा है?

जवाब- हमारी टीम में ऐसा कुछ नहीं है। सब बराबर हैं। सब साथ रहते हैं, साथ में मस्ती-मजाक भी करते हैं। सभी इंसान को ऊपर वालों ने भेजा है। कोई फर्क नहीं है एक दूसरे के बीच में।

सवाल- रणजी ट्रॉफी के फाइनल में आपने शतक लगाने के बाद मूसेवाला के सिग्नेचर स्टेप के साथ सेलीब्रेशन किया जो काफी वायरल हुआ, इसको लेकर क्या कहेंगे?

जवाब- मैं उनका बहुत बड़ा फैन रहा हूं, मैं उनके गाने सुनकर प्रैक्टिस करता हूं। वो मेरे लिए एक प्रेरणा की तरह हैं। उनके लिए मेरे दिल में बहुत प्यार है।

सवाल- आप घरेलू क्रिकेट में लगातार रन बना रहे हैं, आपकी हर तरफ तारीफ भी हो रही है; लेकिन आपको टीम इंडिया में मौका नहीं मिल रहा इसको लेकर क्या कहेंगे, क्या फिटनेस इसकी वजह है?

जवाब- मैं तो अपना काम कर रहा हूं। मेरा काम है रन बनाना है और वो मैं पूरे मन से करता हूं। पिछले 2 साल से मैंने अपना पूरा खेल बदला है। मेरा मन कहता है कि मैं जल्द ही टीम इंडिया के खेलूंगा।

सवाल- आपके क्रिकेट स्ट्रगल में आपके पापा का साथ रहा है, आपका छोटा भाई भी क्रिकेट खेलता है; पूरा परिवार आपको कैसे सपोर्ट करता है?

जवाब- मेरे अब्बू मुझे बहुत मदद करते हैं। आज मैं जो भी कुछ हूं उनके ही कारण हूं। मुझे यहां तक पहुंचाने में सबसे बड़ा हाथ उन्हीं का है। मेरा भाई भी मेरी बहुत मदद करता है। मेरे पूरे परिवार में केवल क्रिकेट की ही बात होती है।

सवाल- आप ब्रैडमैन के बाद सिर्फ दूसरे ऐसे खिलाड़ी हैं जिन्होंने 80+ के औसत से फर्स्ट क्लास में रन बनाए हैं, क्या चयनकर्ता इस प्रदर्शन को तरजीह देंगे?

जवाब- मैं बस अपना काम कर रहा हूं, मेरा अगला टारगेट ज्यादा से ज्यादा ग्राउंड पर समय देना और अच्छा प्रदर्शन करना है। अगर ऐसा करता हूं तो मुझे टीम में जल्द मौका मिलेगा।